Whatsapp Dp Shayari : Facebook Shayari In Hindi – Instagram Shayari- Twitter Shayari In Hindi

Whatsapp Dp Shayari, Whatsapp Shayari, Facebook Shayari, Instagram Shayari, Twitter Shayari, Whatsapp Shayari In Hindi, Facebook Shayari In Hindi

Whatsapp Dp Shayari

Whatsapp Dp Shayari

पत्थर की दुनिया जज़्बात नही समझती
दिल में क्या है वो बात नही समझती
तन्हा तो चाँद भी सितारों के बीच में है
पर चाँद का दर्द वो रात नही समझती

Whatsapp Dp Shayari : Facebook Shayari

Ab Maut Se Keh Do Narajgi Khatm Kar Le
Woh Badal Gaya Hai Jiske Liye Hum Zinda The
अब मौत से कह दो कि नाराज़गी खत्म कर ले
वो बदल गया है जिसके लिए हम ज़िंदा थे​


Teri Hi Justjoo Mein Ji Lee Ek Zindagi Maine
Gale Mujhko Lagakar Khatm Saanso Ka Safar Kar De
तेरी ही जुस्तजू में जी लिया इक ज़िंदगी मैंने
गले मुझको लगाकर खत्म साँसों का सफ़र कर दे

Whatsapp Shayari

Whatsapp Shayari

Main Ab Supurde-Khaak Hun Mujhko Jalana Chhod De
Qabr Par Meri Tu Uske Saath Aana Chhod De
Ho Sake Gar Tu Khushi Se Ashq Peena Seekh Le
Ya Tu Aankhon Mein Apni Kajal Lagana Chhod De


मैं अब सुपुर्दे ख़ाक हूँ मुझको जलाना छोड़ दे
कब्र पर मेरी तू उसके साथ आना छोड़ दे
हो सके गर तू खुशी से अश्क पीना सीख ले
या तू आँखों में अपनी काजल लगाना छोड़ दे


Wo Kar Nahi Rahe The Meri Baat Ka Yakeen
Phir Yun Hua Ke Mar Ke Dikhana Pada Mujhe
वो कर नहीं रहे थे मेरी बात का यकीन
फिर यूँ हुआ के मर के दिखाना पड़ा मुझे


Tu Badnaam Na Ho Isliye Jee Raha Hun Main
Varna Marne Ka Irada Toh Roj Hota Hai
तू बदनाम ना हो इसलिए जी रहा हूँ मैं
वरना मरने का इरादा तो रोज होता है


Na Udhaao Yun Thokro Mein Meri Khak-e-Kabr Zalim
Yehi Ek Rah Gayi Hai Mere Pyaar Ki Nishaani
न उड़ाओ यूं ठोकरों से मेरी खाके कब्र ज़ालिम
यही एक रह गई है मेरे प्यार की निशानी

Facebook Shayari

Facebook Shayari

Umr Tamaam Bahaar Ki Ummid Mein Gujar Gayi
Bahaar Aayi Hai Toh Maut Ka Paigaam Layi Hai
उम्र तमाम बहार की उम्मीद में गुजर गयी
बहार आई है तो पैगाम मौत का लाई है


दिल से मिलो तो सज़ा देते हैं लोग
सच्चे जज्बात भी ठुकरा देते हैं लोग
कोई नही मिलाता दो प्यार करने वालों को
बैठे हुऐ दो परिंदों को भी उडा देते है लोग


दिखावे की मोहब्बत तो जमाने को हैं हमसे पर
ये दिल तो वहाँ बिकेगा जहाँ ज़ज्बातो की कदर होगी

दिल के जज्बातों की हिफाजत करें भी तो कैसे
महफूज तो धड़कन भी नहीं होती सीने में


कुछ और जज्बातो को बेताब किया उसने
आज मेहंदी वाले हाथो से आदाब किया उसने

बात तो सिर्फ जज़्बातों की है वरना
मोहब्बत तो सात फेरों के बाद भी नहीं होती


हैं दर्द सीने में मगर होंठों पे जज़्बात नहीं आते
आखिर क्यों वापिस वो बीते हुए लम्हात नहीं आते

है दर्द सीने में मगर होंठों पे जज़्बात नहीं आते
आखिर क्यों वापिस वो बीते हुए लम्हात नहीं आते

Instagram Shayari

Instagram Shayari

मरहम लगा सको तो किसी गरीब के जख्मों पर लगा देना
हकीम बहुत हैं बाजार में अमीरों के इलाज खातिर

जब भी देखता हूँ किसी गरीब को हँसते हुए,
यकीनन खुशिओं का ताल्लुक दौलत से नहीं होता


कभी आंसू कभी ख़ुशी बेची हम गरीबों ने बेकसी बेची,
चंद सांसे खरीदने के लिए रोज थोड़ी सी जिन्दगी बेची

ये गंदगी तो महल वालों ने फैलाई है साहब,
वरना गरीब तो सड़कों से थैलीयाँ तक उठा लेते हैं


वो जिनके हाथ में हर वक्त छाले रहते हैं,
आबाद उन्हीं के दम पर महल वाले रहते हैं

अजीब मिठास है मुझ गरीब के खून में भी,
जिसे भी मौका मिलता है वो पीता जरुर है


Yeh Gandgi Toh Mahal Walon Ne Failayi Hai Sahab,
Varna Gareeb Toh Sadko Se Thailiyan Tak Uthha Lete Hain.
ये गंदगी तो महल वालों ने फैलाई है साहब,
वरना गरीब तो सड़कों से थैलीयाँ तक उठा लेते हैं


Yeha Gareeb Ko Marne Ki Jaldi Yun Bhi Hai,
Ke Kahin Kafan Mahenga Na Ho Jaye.
यहाँ गरीब को मरने की जल्दी यूँ भी है,
कि कहीं कफ़न महंगा ना हो जाए

Twitter Shayari

Twitter Shayari

Rukhi Roti Ko Bhi Baant Ke Khate Huye Dekha Maine,
Sadak Kinaare Woh Bhikhari Shanshah Nikla.
रुखी रोटी को भी बाँट कर खाते हुये देखा मैंने,
सड़क किनारे वो भिखारी शहंशाह निकला


Sahem UthhTe Hain Kachche Makaan Paani Ke Khauf Se,
Mahalon Ki Aarzoo Yeh Hai Ke Barsaat Tej Ho.
सहम उठते हैं कच्चे मकान पानी के खौफ़ से,
महलों की आरज़ू ये है कि बरसात तेज हो


ara Si Aahat Pe Jaag Jata Hai Woh Raaton Ko,
Ai Khuda Gareeb Ko Beti De Toh Darwaza Bhi De.
जरा सी आहट पर जाग जाता है वो रातो को,
ऐ खुदा गरीब को बेटी दे तो दरवाज़ा भी दे


Kabhi Aansu Toh Kabhi Khushi Bechi,
Hum Gareebon Ne Bekashi Bechi,
Chand Saansein Khareedne Ke Liye
Roj Thodi Si Zindgi Bechi.


कभी आंसू कभी ख़ुशी बेची
हम गरीबों ने बेकसी बेची,
चंद सांसे खरीदने के लिए
रोज थोड़ी सी जिन्दगी बेची

Tehjeeb Ki Misaal Gareebon Ke Ghar Pe Hai,
Dupatta Fata Hua Hai Magar Unke Sar Pe Hai.
तहजीब की मिसाल गरीबों के घर पे है,
दुपट्टा फटा हुआ है मगर उनके सर पे है

आप को शायरी अच्छी लगी तो शेयर करे

Sad Love Shayari